Kaimbwala

Raid in health wellness center

कैंबवाला के हेल्थ वेलनेस सेंटर में मारा स्वास्थ्य सचिव ने छापा

चंडीगढ़। स्वास्थ्य सचिव यशपाल गर्ग ने डायरेक्टर हेल्थ सर्विस डॉ. सुमन सिंह को आदेश दिया है कि वह सभी हेल्थ वेलनेस सेंटरों की तत्काल प्रभाव से आकस्मिक रिपेयर या मेंटेनेंस की लिस्ट तैयार करें ताकि जल्द से जल्द इन्हें ठीक कराया जा सके। यूटी के इंजीनियरिंग विभाग के साथ मीटिंग कर इनकी जांच परख कर दशा बताएं ताकि इनकी हालत दुरुस्त की जा सके। स्वास्थ्य सचिव यशपाल गर्ग दशहरे से एक दिन पूर्व वीरवार को एक मर्तबा फिर एक्शन में नजर आए। उन्होंने कैंबवाला के हेल्थ वेलनेस सेंटर में सुबह-सुबह छापा मारा। सुबह 9 बजकर 10 मिनट पर वह सेंटर पर पहुंच गए और यहां आधे घंटे तक पूरा मुआयना किया। यहां उन्होंने मेडिकल अफसर डॉ. हरलीन टिवाना व अन्य सारे स्टाफ जिसमें मलेरिया यूनिट है को मौके पर उपस्थित पाया। इसके लिए उन्होंने न केवल स्टाफ की प्रशंसा की बल्कि मेडिकल अफसर डॉ. हरलीन टिवाना को तमाम स्टाफ समेत ड्यूटी पर समय से मौजूद रहने के लिए प्रशस्ति पत्र भी दिया। इस कृत्य से स्वास्थ्य सचिव यशपाल गर्ग ने जता दिया कि वह केवल ड्यूटी में कोताही बरतने वाले स्टाफ को दंडित ही नहीं करेंगे बल्कि जो सजगता और कर्तव्यपरायणता से ड्यूटी करेगा उसे सम्मानित भी करेंगे। हालांकि स्वास्थ्य सचिव को सेंटर में जबरदस्त गंदगी मिली जिसको लेकर उन्होंने सफाई कर्मी को आड़े हाथ लिया। सेंटर की दशा देखी तो पाया कि इसे मेंटेनेंस व रिपेयर की सख्त जरूरत है लिहाजा डायरेक्टर हेल्थ सर्विस को ऐसे खराब दशा वाले सेंटरों की सूची बनाने को कहा गया।

एएनएम किरण बीमार होने के चलते छुट्टी पर थी जबकि दूसरी एएनएम रीना जीएमएसएच 16 में ट्रेनिंग पर थी। होम्योपैथी डॉक्टर व स्टाफ सारंगपुर में वीकली ड्यूटी पर था। यहां बता दें कि कैंबवाला के इस हेल्थ केयर सेंटर में कोविड 19 का वैक्सीनेशन सेंटर भी बनाया गया है। पहले यहां रोजाना 200 लोगों के वैक्सीन लगती थी लेकिन अब यह घटकर महज 25 से 30 तक आ चुकी है। बीते बुधवार को तो यहां महज 10 लोगों के ही वैक्सीन लगी। मेडिकल अफसर ने बताया कि पहली डोज का सेचुरेशन प्वाइंट आ चुका है और सैकेंड डोज चंद लोगों को 84 दिन के गैप पर लग रही है।

वेलनेस सेंटर में मिली गंदगी

वेलनेस सेंटर में गंदगी जरूर पाई गई जिसके बारे में मेडिकल अफसर ने बताया। सेंटर में प्लास्टिक सेंटर, पैकिंग मैटीरियल, कप इत्यादि खुले में पड़े थे। सफाई कर्मी ने दलील दी कि रात को यहां कोई कार्यक्रम था जिसकी वजह से गंदगी दिखाई दे रही है। स्वास्थ्य सचिव ने कहा कि ऐसा प्रतीत हो रहा है कि सेंटर में कई दिन से सफाई नहीं हुई। पहली मंजिल पर चल रहा मलेरिया यूनिट में सफाई का बुरा हाल था। पक्षियों की गंदगी सीढिय़ों पर पड़ी थी। स्वास्थ्य सचिव ने पाया कि सफाई कर्मी अजय कुमार सही तरीके से अपने काम को अंजाम नहीं दे रहा है। उसने स्वास्थ्य सचिव यशपाल गर्ग को आश्वासन दिया कि वह शाम तक सब कुछ ठीकठाक कर देगा। श्री गर्ग ने कुछ अधिकारियों को शाम को दोबारा इंस्पेक्शन करने का आदेश दिया और कहा कि अगर सही न हुआ तो एक्शन लिया जाएगा। स्वास्थ्य सचिव ने पाया कि सेंटर के टायलेट बहुत ही गंदे हालात में है। यहां खिड़कियां टूटी हुई हैं। मलेरिया यूनिट को भी रिपेयर व अपग्रेड करने की जरूरत है क्योंकि ऐसे कमरों से ऑपरेट करना स्टाफ के लिए संभव नहीं। सेंटर के परिसर में कुछ ऑडी कारें पार्क की गई थी। बताया गया कि यह पास में ही रहने वाले किसी निवासी की है जो कारों व फाइनेंस में डील करता है। हेल्थ सेक्रेट्री ने निर्देश दिया कि सेंटर के परिसर का कमर्शियल यूज नहीं किया जाएगा। इस पर तुरंत अंकुश लगाया जाए। 


Comment As:

Comment (0)


shellindir ucuz fiyatlara garantili takipçiler Tiny php instagram followers antalya haberleri online beğeni al

>